हनुमान्-रावण संवाद Apr 24, 2021 2,404 0 दोहा : कपिहि बिलोकि दसानन बिहसा कहि दुर्बाद। सुत बध सुरति कीन्हि पुनि उपजा हृदयँ बिसाद॥20॥ हनुमान्जी को…
हनुमान्जी द्वारा अशोक वाटिका विध्वंस, अक्षय कुमार वध और मेघनाद का हनुमान्जी को… Apr 24, 2021 2,478 0 दोहा : देखि बुद्धि बल निपुन कपि कहेउ जानकीं जाहु। रघुपति चरन हृदयँ धरि तात मधुर फल खाहु॥17॥ हनुमान्जी को…
श्री सीता-हनुमान् संवाद Apr 24, 2021 2,035 0 सोरठा : कपि करि हृदयँ बिचार दीन्हि मुद्रिका डारि तब। जनु असोक अंगार दीन्ह हरषि उठि कर गहेउ॥12॥ तब हनुमान्जी…
श्री सीता-त्रिजटा संवाद Apr 24, 2021 1,640 0 दोहा : जहँ तहँ गईं सकल तब सीता कर मन सोच। मास दिवस बीतें मोहि मारिहि निसिचर पोच॥11॥ तब (इसके बाद) वे सब…
हनुमान्जी का अशोक वाटिका में सीताजी को देखकर दुःखी होना और रावण का सीताजी को भय… Apr 24, 2021 2,323 0 जुगुति बिभीषन सकल सुनाई। चलेउ पवन सुत बिदा कराई॥ करि सोइ रूप गयउ पुनि तहवाँ। बन असोक सीता रह जहवाँ॥3॥ विभीषणजी…
हनुमान्-विभीषण संवाद Apr 24, 2021 2,338 0 दोहा : रामायुध अंकित गृह सोभा बरनि न जाइ। नव तुलसिका बृंद तहँ देखि हरष कपिराई॥5॥ वह महल श्री रामजी के आयुध…
लंका वर्णन, लंकिनी वध, लंका में प्रवेश Apr 24, 2021 3,392 0 नाना तरु फल फूल सुहाए। खग मृग बृंद देखि मन भाए॥ सैल बिसाल देखि एक आगें। ता पर धाइ चढ़ेउ भय त्यागें॥4॥ अनेकों…
हनुमान्जी का लंका को प्रस्थान, सुरसा से भेंट, छाया पकड़ने वाली राक्षसी का वध Apr 24, 2021 3,579 0 चौपाई : जामवंत के बचन सुहाए। सुनि हनुमंत हृदय अति भाए॥ तब लगि मोहि परिखेहु तुम्ह भाई। सहि दुख कंद मूल फल खाई॥1॥…
मंगलाचरण Apr 24, 2021 3,929 0 पंचम सोपान-मंगलाचरण श्लोक : शान्तं शाश्वतमप्रमेयमनघं निर्वाणशान्तिप्रदं ब्रह्माशम्भुफणीन्द्रसेव्यमनिशं…
सुंदरकाण्ड Feb 16, 2021 15,531 0 सुंदरकाण्ड में हनुमान का लंका प्रस्थान, लंका दहन से लंका से वापसी तक के घटनाक्रम आते हैं। सुन्दर काण्ड में 1 श्लोक,…